बहुत गुणकारी है यह पत्ता , जानिए अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान | Amazing Benefits of Guava Leaf.

अमरूद एक सस्ता किन्तु अत्यंत गुणकारी फल है . अमरूद में भरपूर पोषक तत्त्व और औषधीय गुण पाए जाते हैं , इसके पत्तों के भी कई औषधीय उपयोग होते हैं . इस आर्टिकल में अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान के साथ हम अमरूद खाने के फायदे भी बता रहे हैं . हमारे साथ बने रहिये .

अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान

Table of Contents

अमरूद का सामान्य परिचय

भारत में अमरूद एक लोकप्रिय फल है और प्रचुर मात्रा में पाया जाता है , किन्तु अमरूद मूल रूप से भारतीय फल नहीं है . यह कहा जाता है कि सत्रहवीं शताब्दी में पुर्तगालियों द्वारा अमरूद को भारत लाया गया था . इस कारण से भारत के प्राचीनतम आयुर्वेद ग्रंथों में अमरूद का उल्लेख नहीं मिलता किन्तु बाद में लिखे गये आयुर्वेद ग्रंथों में अमरूद के औषधीय गुणों का वर्णन किया गया है .

अमरूद का पेड़

सामान्य तौर पर अमरूद के वृक्ष 20-25 फुट ऊंचे होते हैं . इसके फल हरे , पीले रंग के होते हैं जो अन्दर से लाल होते हैं . फल के अन्दर इसके बीज होते हैं . यह स्वादिष्ट और मधुर ( मीठा ) होता है .

आयुर्वेद अनुसार अमरूद मधुर , शीतल , पाचक , रक्त शोधक और शक्तिवर्धक होता है . यह विबंध ( कब्ज ) का नाश करने वाला और पाचन तंत्र को मजबूत करने वाला होता है .

अमरूद के अन्य नाम

अमरूद को संस्कृत में पेरूक , अमरू फल आदि कहा जाता है . अंग्रेजी में इसे Guava कहते हैं . यह गुजराती में जामफल , मराठी में पेरू . बंगाली में पियारा , तेलुगु में गोइया कहा जाता है .

अमरूद खाने के फायदे

अमरूद मधुर , पाचक , विबंध नाशक , रक्त शोधक , सौंदर्यवर्धक , शक्ति वर्धक और तृप्ति कारक होता है . इसके विभिन्न रोगों में औषधीय उपयोग हैं . आइये जानते हैं अमरूद खाने के फायदे किन किन रोगों में हैं .

अमरूद खाने के फायदे

बवासीर में अमरूद के फायदे

खूनी बवासीर ( रक्तार्श ) होने पर अमरूद को रात भर पानी में भिगो कर सुबह इसे खूब उबाल कर पानी को छान कर पियें . कुछ दिन नियमित प्रयोग करने से खूनी बवासीर में लाभ होता है . ( यह भी पढ़ें – खूनी बवासीर का रामबाण इलाज )

पके हुए अमरूद में छेद कर उसमें अजवाइन पाउडर भर दें और इसे भून लें . इस अमरूद को रात में ओस में भीगने के लिए रख दें और सुबह इस अमरूद को खा लें . यह प्रयोग 4-5 दिन करने से बवासीर में लाभ होता है .

खांसी में अमरूद का प्रयोग

अमरूद को भून कर खाने से खांसी में लाभ होता है . अमरूद के बीजों का चूर्ण शहद के साथ सेवन करने से खांसी में फायदा होता है .

कब्ज में अमरूद से फायदा

सुबह खाली पेट अमरूद का नियमित सेवन करने से कब्ज में लाभ होता है . दो – तीन ताजा अमरूद खा कर ऊपर से दूध पीने से कब्ज में फायदा होता है . अमरूद की सलाद बना कर उस पर सौंठ , सैंधा नमक और काली मिर्च छिड़क लें और इस सलाद को खाएं , इससे गैस , अपच , अफारा और कब्ज में फायदा होता है . ( यह भी पढ़ें – कब्ज क्यों होता है )

अमरूद दांतों के लिए लाभकारी

अमरूद में विटामिन सी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है . कच्चे अमरूद को खाने से दांतों और मसूढ़ों को मजबूती मिलती है और मसूढ़ों से खून निकलना बंद होता है .

अमरूद का नशा कम करने में उपयोग

शराब , भांग आदि का नशा अधिक हो जाने पर अमरूद खिलाने से नशा कम होता है . नशा उतारने के लिए अमरूद के पत्तों का भी प्रयोग किया जाता है .

पेट दर्द में अमरूद से फायदा

पेट दर्द होने पर अमरूद का सफ़ेद गूदा नमक के साथ सेवन करने से लाभ होता है . ( यह भी पढ़ें – पेट दर्द का घरेलू इलाज )

डायबिटीज में अमरूद लाभप्रद

मधुमेह ( डायबिटीज ) रोगी अमरूद के छोटे छोटे टुकड़े कर पानी में डाल दें और कुछ समय बाद उस पानी को छान कर पियें , नियमित प्रयोग करने से मधुमेह रोग में फायदा होता है . ( यह भी पढ़ें – डायबिटीज के लक्षण और उपाय )

मस्तिष्क रोग में अमरूद का प्रयोग

पके हुए अमरूद को रात भर पानी में भिगो कर रखें और सुबह खाली पेट खूब चबा चबा कर खाएं , इससे मस्तिष्क की गर्मी दूर होती है .

हाई ब्लड प्रेशर में अमरूद से लाभ

अमरूद का नियमित सेवन करने से मस्तिष्क और हृदय को बल मिलता है तथा ब्लड प्रेशर नियंत्रित रहता है . ( यह भी पढ़ें – उच्च रक्तचाप में सर्पगंधा वटी के फायदे )

अमरूद से घबराहट में फायदा

घबराहट रहने पर नियमित खाली पेट एक पका हुआ अमरूद खाने से लाभ होता है .

खूनी दस्त में अमरूद का प्रयोग

खूनी दस्त होने पर अमरूद का मुरब्बा खाने से लाभ होता है .

आँखों से पानी आने पर अमरूद का उपयोग

आँखों से पानी आने पर अमरूद को धीमी आंच पर भून कर खाने से आँखों से पानी बहना रुक जाता है .

अमरूद खाने के नुकसान / सावधानियां

पोषक तत्त्वों और औषधीय गुणों से युक्त अमरूद भी किसी किसी के लिए नुकसान दायक हो सकता है . आइये जानते हैं अमरूद खाने के नुकसान किस तरह हो सकते हैं .

  • अमरूद का सेवन हमेशा दिन में करना चाहिए . शीतल प्रकृति का होने के कारण इसका रात में प्रयोग नुकसानदायक हो सकता है .
  • बहुत कमजोर प्रकृति और पेट की गंभीर व्याधियों से पीड़ित व्यक्तियों को अमरूद सीमित मात्रा में सेवन करना चाहिए .
  • जिन लोगों को अमरूद से एलर्जी है उन्हें अमरूद का सेवन नहीं करना चाहिए .
  • सर्दी , जुकाम , खांसी , श्वास आदि रोग होने पर अमरूद का सेवन नहीं करना चाहिए .
  • अधिक कच्चा या अधिक पका ( सड़ा- गला ) अमरूद खाने से लाभ के स्थान पर नुकसान होने की संभावना होती है .

अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान

ऊपर हमने अमरूद के औषधीय उपयोग जाने . अमरूद का फल तो उपयोगी और लाभदायक है ही अमरूद के पत्ते भी औषधीय गुणों से युक्त होते हैं और आयुर्वेद चिकत्सकों द्वारा इनका कई रोगों में औषधीय प्रयोग किया जाता है . आइये जानते हैं अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान क्या क्या हैं .

अमरूद के पत्ते के फायदे

मुंह के छालों में अमरूद के पत्तों से लाभ

मुंह में छाले होने पर अमरूद के हरे पत्ते तथा कत्था चबाने से मुंह के छालों में लाभ होता है .

खांसी में अमरूद के पत्तों का प्रयोग

अमरूद के पत्तों को पानी में उबाल कर उसमें दूध और शक्कर मिला कर पेय बना लें . इस पेय को पिलाने से खांसी के रोगी को लाभ होता है .

अमरूद के पत्ते दांतों के रोग में लाभप्रद

दांत में दर्द होने पर अमरूद के पत्ते चबाने से लाभ होता है . अमरूद के पत्तों को पानी में उबाल कर उस पानी से गरारे करने पर मसूढ़ों की सूजन में फायदा होता है .

बच्चों के गुदभ्रंश में अमरूद के पत्तों का प्रयोग

अमरूद के पत्तों को पीस कर पेस्ट बना कर बच्चों के गुद द्वार पर बाँधने से गुदभ्रंश ( कांच निकलना ) में फायदा होता है .

नशा उतारने में अमरूद के पत्तों का प्रयोग

किसी प्रकार का नशा अधिक हो जाने पर अमरूद के पत्तों का रस निकाल कर पिलाने से नशा कम हो जाता है .

अमरूद के पत्तों से नुकसान

सामान्यतः अमरूद के पत्तों का सीमित प्रयोग करने से किसी तरह के नुकसान देखने को नहीं मिलते किन्तु किसी भी चीज का प्रयोग करने से पूर्व उसके सम्बन्ध में सम्पूर्ण जानकारी और सावधानी आवश्यक है . अमरूद के पत्तों का सेवन करने से पूर्व निम्नलिखित सावधानियां बरतनी चाहिए .

  • अमरूद के पत्तों को हमेशा धो कर ही सेवन करना चाहिए .
  • यदि किसी गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं और अन्य मेडिसिन ले रहे हैं तो इसके सेवन से पूर्व अपने चिकित्सक से परामर्श अवश्य करें .
  • यदि अमरूद से एलर्जी है तो इसका सेवन बिल्कुल न करें .

FAQ

प्रश्न – अमरूद की तासीर क्या होती है ?

उत्तर – अमरूद शीत वीर्य अर्थात् ठंडी तासीर वाला होता है .

प्रश्न – सुबह खाली पेट अमरूद खाने से क्या होता है ?

उत्तर – सुबह खाली पेट अमरूद का सेवन कब्ज को मिटाने वाला , हृदय और मस्तिष्क को बल देने वाला और इम्यूनिटी बढाने वाला होता है .

प्रश्न – अमरूद के पत्ते कौनसी बीमारी में काम आते हैं ?

उत्तर – अमरूद के पत्तों का मुंह के छालों , दांतों के दर्द , मसूढ़ों की सूजन , खांसी आदि के उपचार में प्रयोग किया जाता है .

दोस्तों , आयुर्वेद और साहित्य ब्लॉग के इस लेख में हमने अमरूद खाने के फायदे तथा अमरूद के पत्ते के फायदे और नुकसान से सम्बंधित जानकारी आपके साथ शेयर की . अगले लेख में अन्य किसी उपयोगी और रोचक जानकारी के साथ हाजिर होंगे .

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